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एसजीआरआर मेडिकल काॅलेज में चिकित्सा शिक्षा में बुनियादी पाठयक्रम पर विशेषज्ञों ने साझा की जानकारियां

देहरादून। श्री गुरु राम राय इंस्ट्ीटयूट ऑफ मेडिकल एण्ड हैल्थ सांइसेज के मेडिकल एजुकेशन यूनिट (चिकित्सा शिक्षा ईकाई) द्वारा तीन दिवसीय बीसीएमई का आयेाजन किया गया। 29 से 31 अगस्त 2024 तक आयोजित बेसिक कोर्स इन मेडिकल एजुकेशन बीसीएमई में चिकित्सा शिक्षा के अत्साधुनिक आयामों पर विशेषज्ञों ने मंथन किया। बीसीएमई के मुख्य विषय चिकित्सा शिक्षा के लक्ष्य व उद्देश्य, दक्षताओं चिकित्सा शिक्षण के विभिन्न आयामों सहित चिकित्सा शिक्षा के विभिन्न समसामयकि विषयों पर विचार विमर्श हुआ।

कार्यक्रम का शुभारंभ श्री गुरु राम राय मेडिकल काॅलेज के प्राचार्य डाॅ. अशोक नायक, उप-प्राचार्य व मेडिकल एजुकेशन यूनिट के समन्वयक डाॅ. पुनीत ओहरी, श्री महंत इन्दिरेश अस्पताल के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डाॅ. उत्कर्ष शर्मा, चिकित्सा अधीक्षक डाॅ. अजय पंड़िता व नेशनल मेडिकल कमीशन (एन.एम.सी.) की पर्यवेक्षक हिमालयन इंस्ट्ीटयूट ऑफ मेडिकल साइंसेज की डाॅ अल्पा गुप्ता ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्जवलन कर किया। डाॅ पुनीत ओहरी ने सभी प्रतिभागियों का स्वागत करते हुए उन्हें कार्यक्रम की रूपरेखा से अवगत करवाया। एसजीआरआर मेडिकल काॅलेज प्राचार्य डाॅ अशोक नायक ने कहा कि बीसीएमई का उद्देश्य मेडिकल काॅलेजों में कार्यरत फैकल्टी एवम् डाॅक्टरों एवम चिकित्सा शिक्षा के अत्याधुनिक एवम् प्रचलित माॅडलों से रूबरू करवाना है। उन्होंने कहा कि इस प्रकार चिकित्सा शिक्षा का अत्याधुनिक प्रशिक्षण लेकर फैकल्टी सदस्य मेडिकल छात्र-छात्राओं को ज्ञानवान व अच्छा डाॅक्टर बनाकर देश व समाज सेवा के लिए प्रेरित कर सकते हैं।

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कार्यक्रम के दूसरे दिन स्त्री एवम् प्रसूति रोग विशेषज्ञ डाॅ अंजली चैधरी ने चिकित्सा शिक्षा के लक्ष्यों एवम् उद्देश्यों को रेखांकित करते हुए महत्वपूर्णं जानकारियां सांझा की। रेडियोलाॅजिस्ट डाॅ राजेन्द्र कुमार श्रीवास्तव व डाॅ पुनीत ओहरी ने शिक्षण अधिगम विधि पर प्रकाश डाला। डाॅ मेघा लूथरा ने चिकित्सा शिक्षा में आंकलन के सिद्धांतों एवम् उनकी उपयोगिता से जुडी महत्वपूर्णं जानकारियों को सांझा किया। कार्यक्रम मे डाॅ. आलोक वी माथुर, डाॅ. मनाली, डाॅ. रोबीना मक्कड़ व डाॅ. सुलेखा नोटियाल ने भी चिकित्सा शिक्षा से जुड़े विषयों पर महत्वपूर्णं जानकारियों सांझा की। सभी प्रतिभागियों को कार्यक्रम में प्रतिभाग करने के प्रमाण पत्र भी जारी किए गये।

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