Headlines

केदारनाथ उपचुनाव: नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य और कांग्रेस प्रत्याशी मनोज रावत ने किया जनसम्पर्क

ऊखीमठ। केदारनाथ विधानसभा मे आगामी 20 नवम्बर को होने वाले उपचुनाव मे कांग्रेस प्रत्याशी मनोज रावत और नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य ने संयुक्त चुनाव प्रचार करते हुए तल्ला नागपुर क्षेत्र में नुक्कड सभाऐं और जनसम्पर्क किया । इस दौरान बड़ी संख्या में जनसमर्थन कांग्रेस प्रत्याशी को मिला। कांग्रेस के दोनों नेताओं का ढोल दमऊ के साथ माला पहनाकर स्वागत किया।

इस दौरान नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि ये सरकार कमजोर तबके पर लगातार अत्याचार कर रही है। उन्होने कहा कि चोपता में लोगों के रोजगार के साधन ढाबे और चाय की दुकान हुआ करती थी । लेकिन सरकार ने उसे तुडवा दिया । आखिर ये कैसी सरकार है । उन्होने कहा कि लगातार सरकार अपनी मनमानी कर रही है । एक गरीब व्यक्ति रोजी रोटी कमाने के लिए मुशकिलों से ढाबा बनाता है लेकिन सरकार मिनटों में उस पर बुलडोडर चला देती है ।

ये भी पढ़ें:   वन्यजीव संरक्षण के साथ स्थानीय रोजगार को बढ़ावा दे रही धामी सरकार, इको-टूरिज्म से ग्रामीणों को मिलेगा रोजगार और प्रकृति संरक्षण में बढ़ेगी भागीदारी

केदारनाथ प्रत्याशी मनोज रावत ने भाजपा प्रत्याशी आशा नौटियाल पर प्रहार करते हुए कहा आज वो मंच से दहाड़े मार कर रो रही है। लेकिन वो तब कहाँ थी जब अंकिता भण्डारी के लिए हमारे पहाड़ की हर बेटी रो रही थी । वो तब कहाँ थी जब चोपता में हमारे ढाबों को तोडा जा रहा था ।उन्होने कहा कि वो महिला मोर्चे की अध्यक्ष थी ,उनकी पार्टी के कई नेताओं पर पहाड़ की नाबालिग लड़कियों से बालात्कार का आरोप लगा लेकिन वो हमेशा मौन रही । लेकिन आज जब जनता ने उन्हें नकार दिया और चुनाव में कहीं हार का मुँह ना देखना पड जाए इसलिए अब वो बिलख रही हैं ।

ये भी पढ़ें:   धामी सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति का असर, ओवररेटिंग पर देहरादून प्रशासन की कड़ी कार्रवाई

उन्होने कहा सरकार एक साजिश के तहत चोपता से लोगों को हटा रही है क्योंकि सरकार इस पूरे इलाके निजी हाथों में बेचने के लिए तैयारी कर रही है । उन्होने कहा कि मसूरी में भी 700 एकड़ जमीन कौडियों के भाव एक निजी कंपनी को दे दी गई है ।

उन्होने कहा कि जब मैं पांच साल विधायक था । कभी सरकार की हिम्मत नहीं हुई कि एक भी दुकान तोड़ सके । लेकिन आज हालत ये है कि भाजपा प्रत्याशी का गाँव बगल में होते हुए भी अतिक्रमण हटाने का विरोध उन्होने नहीं किया । बल्कि उस दिन वो अपना फोन स्विच ऑफ कर घर में बैठी रही ।

ये भी पढ़ें:   मुख्यमंत्री ने वन्यजीव सप्ताह-2026 का किया शुभारंभ, वन्य जीव संघर्ष के दौरान अदम्य साहस का परिचय देने वाले कुल 18 लोगों को 51-51 हजार की धनराशि देने की घोषणा

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *