Headlines

विश्व कैंसर दिवस पर प्रदेश भर में आयोजित जनजागरुकता कार्यक्रम, अत्याधुनिक मशीन से की गई स्क्रीनिंग

देहरादून: विश्व कैंसर दिवस के अवसर पर जिला चिकित्सालय कोरोनेशन में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एन.एच.एम.) द्वारा कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (ए.आई.) युक्त थर्मल इमेजरी मशीन से महिलाओं की स्तन कैंसर की स्क्रीनिंग की गई साथ ही आमजन को नुक्कड़ नाटक व अन्य माध्यमों से कैंसर के प्रति जागरुक किया गया।

कार्यक्रम में मौजूद स्वाति भदौरिया, मिशन निदेशक, एन.एच.एम. द्वारा बताया गया कि कैंसर दिवस के उपलक्ष्य में स्वास्थ्य विभाग द्वारा अत्याधुनिक मशीन के जरिए महिलाओं में होने वाले स्तन कैंसर की जांच हेतु इस मशीन का उपयोग पायलट प्रोजेक्ट के रुप में किया गया प्रयास है कि प्रदेशवासियों को गुणवत्तापूर्ण कैंसर जांच सभी अस्पतालों में मिले।

मिशन निदेशक द्वारा बताया गया कि कैंसर दिवस के अवसर पर प्रदेशभर में आयोजित कार्यक्रमों में आम जनमानस को कैंसर रोग से बचाव हेतु जागरूक करना तथा इसके लक्षणों की समय से पहचान कर उपचार को प्रोत्साहित करते हुये कैंसर से होने वाली मृत्यु दर को कम करना है। कैंसर के अधिकतम मामलों में इसका कारण तम्बाकू, धूम्रपान, खराब जीवनशैली एवं गलत खानपान है।
उन्होंने बताया कि उत्तराखण्ड राज्य में गैर संचारी रोग कार्यक्रम के अन्तर्गत मुख कैंसर, स्तन कैंसर एवं ग्रीवा कैंसर की स्क्रीनिंग की जा रही है तथा कैंसर के रोगियों को पहचान कर माध्यमिक एवं तृतीयक देखभाल हेतु संदर्भित किया जा रहा हैं।

ये भी पढ़ें:   अवैध निर्माणों पर एमडीडीए का सख्त अभियान जारी, सेक्टरवार टीमें सक्रिय, ध्वस्तीकरण व सीलिंग की लगातार कार्रवाई

कार्यक्रम में मौजूद व्यक्तियों को अवगत कराया गया कि विश्व स्तर पर कैंसर प्रमुख स्वास्थ्य समस्या के रूप में उभर रहा है। विश्व स्वास्थ्य संगठन के अनुसार भारत में कैंसर का एज स्टैंडर्डाइज्ड रेट 98.5 प्रतिलाख जनसंख्या है (स्रोत- वैश्विक कैंसर वेधशाला)। इसके अनुसार उत्तराखण्ड राज्य में लगभग 12,017 व्यक्ति कैंसर रोग से ग्रसित है। सभी प्रकार के कैंसर रोगों में से मुख कैंसर, स्तन कैंसर एवं ग्रीवा कैंसर प्रमुख कैंसर है। कैंसर से होने वाली मृत्यु दर को कम करने हेतु रोगियों में प्रारम्भीक अवस्था में ही लक्ष्णों की पहचान करते हुये उपचार प्रदान किया जाना आवश्यक है।

गैर संचारी रोग (एन.सी.डी.) कार्यक्रम के अन्तर्गत दो प्रकार की स्क्रीनिंग गतिविधियां चलाई जा रही हैं

(1) पोपुलेशन बेस्ड स्क्रीनिंग- सभी आयुष्मान आरोग्य मंदिर में तैनात सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों की सहायता से पूरे राज्य में पोपुलेशन बेस्ड स्क्रीनिंग शुरू की गई है, जिसका उद्देश्य सामान्य गैर संचारी रोगों (एन.सी.डी.) के लिए 30 वर्ष से अधिक आयु के सभी व्यक्तियों को स्क्रीन करना जिससे कैंसर के साथ अन्य एनसीडी की समय से पहचान की जा सके तथा प्रारम्भिक अवस्था में उपचार प्रदान किया जा सकें। प्रदेश के 1307 एस.एच.सी.- आयुष्मान आरोग्य मंदिर व 408 पी.एच.सी.- आयुष्मान आरोग्य मंदिर में कैंसर की स्क्रीनिंग की जा रही है।

ये भी पढ़ें:   रिटायरमेंट के बाद की विविध जरूरतों को देखते हुए अवीवा इंडिया ने लॉन्च किया अवीवा सिक्योर नेस्ट एन्युटी प्लान

(2) फैसिलिटी बेस्ड स्क्रीनिंग- जिसके अन्तर्गत समस्त जिला चिकित्सालयों एवं सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों में एन.सी.डी. क्लिनीक की स्थापना की गई है। इन चिकित्सालयों में आने वाले 30 वर्ष से अधिक आयु के सभी रोगियों तथा उनके साथ आये उनके परिचारकों की एन.सी.डी. क्लिनिक के मेडिकल पैरामेडिकल स्टाफ द्वारा गैर संचारी रोगों जैसे मधूमेह, उच्च रक्तचाप, कैंसर (मुख, स्तन एवं ग्रीवा कैंसर) की जांच की जा रही है। प्रदेश के 13 एन.सी.डी. क्लिनिक, जिला अस्पताल व 64 सी.एच.सी. एन.सी.डी. क्लिनिक में कैंसर की स्क्रीनिंग की जा रही है।

गैर संचारी रोग रोकथाम हेतु प्रदेश की तैयारी

गैर संचारी रोग कार्यक्रम के अन्तर्गत 30 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के सभी लाभार्थियों की स्क्रीनिंग की जा रही है। 15.32 लाख व्यक्तियों की गैर संचारी रोगों की स्क्रीनिंग की गई है। जिसमें आतिथि तक 13.07 लाख व्यक्तियों की मुख कैंसर, 7.00 लाख व्यक्तियों की स्तन कैंसर तथा 0.67 लाख व्यक्तियों की ग्रीवा कैंसर की स्क्रीनिंग की गई।

गैर संचारी रोगों की रोकथाम एव नियंत्रण के लिये कैंसर का उपचार ले रहे रोगियो को कीमोथेरेपी, दर्द प्रबंधन और अन्य डे-केयर संबंधी सेवाएं प्राप्त करने हेतु बार-बार कैंसर हॉस्पिटल जाना पडता था, जिसके कारण आने-जाने का खर्च एवं मरीज तथा सगे सम्बन्धियों को असुविधा का सामना करना पडता था, जिसे देखते हुए एन.पी.एन.सी.डी. कार्यक्रम के अन्तर्गत सभी 13 जिलों में कैंसर डे-केयर सेंटर स्थापित किए जा रहे हैं। जहां कैंसर से पीड़ित मरीजों को उनके जनपद पर ही कीमोथेरेपी, दर्द प्रबंधन और अन्य डे-केयर संबंधी सेवाएं प्रदान की जायेंगी।

ये भी पढ़ें:   अवैध निर्माणों पर एमडीडीए का सख्त अभियान जारी, सेक्टरवार टीमें सक्रिय, ध्वस्तीकरण व सीलिंग की लगातार कार्रवाई

वर्तमान तक 10 जनपदों में कैंसर डे-केयर यूनिट स्थापित है। जिनमें वित्तीय वर्ष 2023-24 में वर्तमान तक 46 रोगियों द्वारा उपचार प्राप्त किया गया है। उत्तराखंड के 10 पहाड़ी जिलों में कैंसर डे केयर यूनिट की स्थापना की गई है। जिला अस्पताल अल्मोड़ा, जिला अस्पताल चमोली, जिला अस्पताल चंपावत, बेस अस्पताल श्रीनगर पौड़ी, जिला अस्पताल पिथौरागढ़, उप जिला अस्पताल नरेंद्र नगर टिहरी, जिला अस्पताल उत्तरकाशी, जिला अस्पताल बागेश्वर, उप जिला अस्पताल हरिद्वार, कोरोनेशन हॉस्पिटल देहरादून। शेष जनपदों नैनीताल, रूद्रप्रयाग एवं उधमसिंह नगर में कैंसर-डे केयर सेंटर की स्थापना का कार्य गतिमान है, जिसे वित्तीय वर्ष 2023-24 के अन्त तक पूर्ण कर लिया जायेगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

WordPress Archive Xventure – Travel Elementor Template Kit Yachbat - Yacht & Boat Rental WordPress Theme Yacht and Boat Rental Service WordPress Theme Yacht and Boat Rental – WordPress Booking Plugin Yacht Boat Booking with Seat Reservation for WooCommerce Yacht Rental – Boat Services WordPress Theme Yakopay – Online Payment App Elementor Template Kit Yamal – Blog & Magazine WordPress Theme YAMATO – Corporate Marketing WordPress Theme Yanbu – Digital Marketing & SEO Elementor Template Kit